टाटा स्टील कर्मचारियों के लंबे समय से प्रतीक्षित वेज रिवीजन समझौते पर आखिरकार बुधवार शाम प्रबंधन और यूनियन के बीच हस्ताक्षर हो गए। यह समझौता 1 जनवरी 2025 से 31 दिसंबर 2031 तक, यानी सात वर्षों की अवधि के लिए लागू रहेगा। समझौते के तहत ओल्ड सीरीज (ओएस) के कर्मचारियों को 10 प्रतिशत एमजीबी दिया गया है। वहीं एनएस ग्रेड कर्मचारियों के वेतन में एमजीबी और फिटमेंट के कारण न्यूनतम 16,111 रुपये और अधिकतम 17,944 रुपये की वृद्धि होगी। ओएस ग्रेड कर्मचारियों के वेतन में न्यूनतम 18,116 रुपये और अधिकतम 28,414 रुपये तक की बढ़ोतरी होगी। एनएस ग्रेड कर्मचारियों के लिए डीए की प्रति प्वाइंट वैल्यू को पूर्व की तरह 3 रुपये प्रति प्वाइंट ही रखा गया है।
एनपीएस के लिए पहली बार कटौती का प्रावधान
इस वेज रिवीजन में पहली बार राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) के लिए कर्मचारियों के वेतन से प्रतिमाह 1,000 रुपये कटौती का प्रावधान किया गया है। वहीं 1 जनवरी 2025 के बाद नियुक्त होने वाले नए कर्मचारियों को संशोधित एफडीए के तहत 500 रुपये प्रतिमाह मिलते रहेंगे।
कई भत्तों में हुई बढ़ोतरी
समझौते के तहत कॉमन भत्तों में कुल 3,225 रुपये प्रतिमाह तक की वृद्धि की गई है। इसके अलावा विभिन्न भत्तों में भी बढ़ोतरी की गई है।
- व्हीकल मेंटेनेंस अलाउंस में 75 से 80 रुपये तक की बढ़ोतरी।
- यूटिलिटी अलाउंस 550 रुपये से बढ़ाकर 800 रुपये प्रतिमाह।
- नाइट शिफ्ट अलाउंस 160 रुपये से बढ़ाकर 225 रुपये।
- एजुकेशन अलाउंस 600 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये।
- मोबाइल एवं इंटरनेट अलाउंस 300 रुपये से बढ़ाकर 400 रुपये।
- पर्सनल अलाउंस 500 रुपये से बढ़ाकर 725 रुपये।
इसके अलावा सुरक्षा एवं फायर ब्रिगेड कर्मियों से जुड़े भत्तों, नर्सिंग स्टाफ के लिए लॉन्ड्री अलाउंस, विशेष श्रेणी के कर्मचारियों के लिए स्पेशल अलाउंस तथा एसएनटीआई के सीनियर इंस्ट्रक्टर और इंस्ट्रक्टरों के लिए भी विशेष प्रावधान किए गए हैं।
यात्रा भत्ता भी शामिल
समझौते में स्थानीय अदालतों और सरकारी कार्यालयों में आधिकारिक कार्य से जाने वाले कर्मचारियों के लिए यात्रा भत्ता भी शामिल किया गया है। इस वेज रिवीजन समझौते से टाटा स्टील के हजारों कर्मचारियों को प्रत्यक्ष आर्थिक लाभ मिलेगा।
