पलामू, अवैध मोरम खनन और बिहार तस्करी की शिकायत मिलने पर राज्य के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने छतरपुर के देवगन क्षेत्र में अचानक छापेमारी की। मंत्री के पहुंचते ही खनन माफिया मौके से फरार हो गए, लेकिन चार हाइवा और एक पोकलेन मशीन छोड़ गए, जिन्हें जब्त कर लिया गया। ग्रामीणों ने मंत्री से शिकायत की थी कि बिहार के माफिया छतरपुर क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवैध मोरम खनन कर उसे बिहार भेज रहे हैं। मंत्री इसी क्षेत्र के विधायक भी हैं, इसलिए लोगों ने सीधे उनसे शिकायत की थी।
मंत्री के पहुंचते ही मची अफरा-तफरी
देवगन में मंत्री का काफिला पहुंचते ही अवैध खनन में लगे लोग भाग निकले। मौके से जब्त सभी वाहन मोरम ढुलाई और अवैध खनन में लगे थे। मंत्री ने पुलिस और खनन विभाग को दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि कुछ दिन पहले उदयगढ़ क्षेत्र में भी 40-50 वाहनों के जरिए मोरम तस्करी की सूचना ग्रामीणों ने दी थी, जिसके बाद कार्रवाई की गई।
प्रशासन की भूमिका पर उठे सवाल
कार्रवाई के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि इतने बड़े पैमाने पर चल रहे अवैध खनन की जानकारी प्रशासन, पुलिस और खनन विभाग को कैसे नहीं थी। मंत्री ने कहा कि इस संबंध में एसपी और आईजी से बात कर सीमावर्ती इलाकों में निगरानी बढ़ाने के लिए कदम उठाए जाएंगे।
एफआईआर की प्रक्रिया शुरू
जिला खनन पदाधिकारी सुनील कुमार ने बताया कि अवैध खनन में शामिल लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया चल रही है। दोषियों पर भारी जुर्माना भी लगाया जाएगा। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में पहले भी अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई हुई है, हालांकि हाल के दिनों में मोरम उठाव की कोई सूचना विभाग को नहीं मिली थी।
