झारखंड के 49 शहर होंगे हाईटेक, रांची-धनबाद-गिरिडीह से शुरू होगी जीआईएस क्रांति

सीएम हेमंत सोरेन ने की समीक्षा, कहा- जीआईएस आधारित व्यवस्था से शहरी नियोजन होगा अधिक वैज्ञानिक और पारदर्शी

Johar News Times
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झारखंड में शहरी प्रशासन को आधुनिक, तकनीक आधारित और अधिक पारदर्शी बनाने की दिशा में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने बड़ी पहल की है। राज्य के 49 शहरी निकायों में जीआईएस (भौगोलिक सूचना प्रणाली) आधारित शहरी प्रबंधन परियोजना लागू करने की तैयारी तेज कर दी गई है। बुधवार को मुख्यमंत्री ने नगर विकास एवं आवास विभाग की इस महत्वाकांक्षी परियोजना की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी कार्य पूरे करने का निर्देश दिया।


परियोजना के पायलट चरण के लिए रांची, धनबाद और गिरिडीह नगर निगम का चयन किया गया है। समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने बताया कि इन तीनों शहरों में हवाई लाइडार (LiDAR) सर्वेक्षण का कार्य पूरा हो चुका है। वर्तमान में डिजिटल नक्शा तैयार करने और सर्वेक्षण से प्राप्त आंकड़ों के प्रसंस्करण का काम जारी है। सरकार का लक्ष्य इन तीन शहरों में मिले अनुभवों के आधार पर चरणबद्ध तरीके से राज्य के अन्य शहरी निकायों में भी इस व्यवस्था को लागू करना है।


जीआईएस आधारित परियोजना के तहत शहरों में व्यापक डिजिटल सर्वेक्षण किया जाएगा। इसमें संपत्तियों का जियो-टैगिंग सर्वेक्षण, शहरी परिसंपत्तियों की मैपिंग, जल निकायों की निगरानी तथा डिजिटल प्लेटफॉर्म का विकास शामिल है। परियोजना के जरिए भवनों, सड़कों, स्ट्रीट लाइटों, बिजली के खंभों, जल स्रोतों और अन्य सार्वजनिक परिसंपत्तियों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा। इससे नगर निकायों के पास शहर की हर परिसंपत्ति का सटीक और अद्यतन डेटा उपलब्ध रहेगा। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि जीआईएस आधारित प्रणाली से शहरी नियोजन अधिक वैज्ञानिक और व्यवस्थित होगा। इससे नगर निकायों की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और विकास योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने में मदद मिलेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इस तकनीक का उपयोग कर नगर निकायों की आय बढ़ाने, परिसंपत्तियों के बेहतर प्रबंधन और नागरिक सुविधाओं में सुधार सुनिश्चित किया जाए। साथ ही परियोजना के सफल क्रियान्वयन के लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने को कहा।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को पायलट परियोजना के अनुभवों का विश्लेषण कर राज्य के अन्य शहरों में भी जीआईएस आधारित शहरी प्रबंधन प्रणाली लागू करने की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया। सरकार का मानना है कि यह पहल भविष्य में स्मार्ट और योजनाबद्ध शहरी विकास की मजबूत नींव साबित होगी। समीक्षा बैठक में नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू, विकास आयुक्त अजय कुमार सिंह, प्रधान सचिव सुनील कुमार, सचिव मुकेश कुमार तथा सूडा के निदेशक सूरज कुमार समेत कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। राज्य सरकार का मानना है कि जीआईएस आधारित यह पहल झारखंड के शहरों को तकनीक-सक्षम, सुव्यवस्थित और नागरिक-अनुकूल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

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