नोवामुंडी: विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर बड़ाजामदा थाना क्षेत्र के गांवगुटू बस्ती में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता बड़ाजामदा पंचायत की मुखिया पार्वती देवगम ने की।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि बच्चों से मजदूरी कराना एक गंभीर सामाजिक अपराध है। 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को शिक्षा से वंचित कर श्रम में लगाना कानूनन दंडनीय है। ग्रामीणों से अपील की गई कि यदि कहीं कोई बच्चा बाल श्रम करता दिखाई दे तो उसे काम पर लगाने के बजाय स्कूल भेजने में सहयोग करें, तभी क्षेत्र को बाल श्रम मुक्त बनाया जा सकेगा।
इस दौरान बाल श्रम उन्मूलन और नशा मुक्ति को लेकर जागरूकता रैली भी निकाली गई। महिलाओं और ग्रामीणों ने लोगों को बाल श्रम तथा नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने बाल श्रम मुक्त और नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लिया। मौके पर मीनाक्षी देवी, अस्थि सुरेन, कमला कुई, सरस्वती देवी, सुषमा लोहार, रायमणी देवी, संजू देवी, मुंगरी देवी, सुखमति बोबोंगा समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं और स्थानीय लोग मौजूद रहे।
