तेहरान/यरुशलम: पश्चिम एशिया में एक बार फिर तनाव बढ़ गया है। इजरायल द्वारा बेरूत के दक्षिणी उपनगरों पर हमले के बाद ईरान ने इजरायल पर मिसाइलें दागीं। इजरायल का दावा है कि अप्रैल में लागू युद्धविराम के बाद यह ईरान का पहला प्रत्यक्ष मिसाइल हमला है, जिससे क्षेत्रीय शांति प्रयासों को झटका लगा है।
बेरूत हमले के बाद जवाबी कार्रवाई
रविवार को इजरायल ने दक्षिणी बेरूत में हिजबुल्ला के कथित कमांड सेंटर को निशाना बनाया था। इस हमले में दो लोगों की मौत हुई और कई अन्य घायल हो गए। इजरायल ने कहा कि यह कार्रवाई उत्तरी इजरायल पर हिजबुल्ला की ओर से हुई गोलीबारी के जवाब में की गई थी। इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई की चेतावनी को अमल में लाते हुए इजरायल पर मिसाइल हमला कर दिया। इजरायली सेना के अनुसार अधिकांश मिसाइलों को वायु रक्षा प्रणाली ने रोक लिया, जबकि कुछ निर्जन क्षेत्रों में गिरीं।
ईरान ने दी थी युद्ध बढ़ने की चेतावनी
ईरान ने पहले ही कहा था कि बेरूत पर हमला पूरे पश्चिम एशिया को बड़े युद्ध की ओर धकेल सकता है। तेहरान चाहता है कि अमेरिका और इजरायल के साथ किसी भी समझौते में लेबनान में संघर्ष समाप्त करने की शर्त भी शामिल हो।
अमेरिका ने दोनों पक्षों से संयम बरतने को कहा
हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने तनाव कम करने की अपील की है। रिपोर्टों के अनुसार उन्होंने इजरायल से जवाबी कार्रवाई सीमित रखने को कहा है, ताकि ईरान के साथ चल रहे कूटनीतिक प्रयास प्रभावित न हों। विश्लेषकों का मानना है कि ईरान के मिसाइल हमले और इजरायल की सैन्य कार्रवाई ने क्षेत्र में फिर से व्यापक संघर्ष की आशंका बढ़ा दी है।
