नई दिल्ली, जनजातीय कार्य मंत्रालय की प्रमुख छात्रवृत्ति योजनाओं के लाभार्थियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की। इस दौरान राष्ट्रपति ने लाभार्थी युवाओं से संवाद करते हुए शिक्षा, अवसर और प्रतिभा के महत्व पर जोर दिया। युवाओं को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि देश में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता केवल सही मार्गदर्शन, सहयोग और उचित मंच उपलब्ध कराने की है। उन्होंने कहा कि यदि युवाओं को अवसर मिलें तो वे अपनी क्षमता के बल पर नई ऊंचाइयों को छू सकते हैं।
राष्ट्रपति ने कहा कि छात्रवृत्ति योजनाओं के लाभार्थियों की उपस्थिति इस बात का प्रमाण है कि भारत के गांवों, दूरदराज क्षेत्रों और जनजातीय अंचलों में अपार प्रतिभाएं मौजूद हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि ऐसे युवा भविष्य में देश का नाम राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित करेंगे। उन्होंने जनजातीय युवाओं से शिक्षा, कौशल विकास और नेतृत्व क्षमता को मजबूत करने का आह्वान करते हुए कहा कि सरकार की विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाएं उन्हें आगे बढ़ने और अपने सपनों को साकार करने का अवसर प्रदान कर रही हैं।

इस अवसर पर जनजातीय कार्य मंत्रालय के अधिकारियों तथा छात्रवृत्ति योजनाओं के लाभार्थियों ने भी अपने अनुभव साझा किए। राष्ट्रपति ने युवाओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें निरंतर मेहनत और उत्कृष्टता की ओर अग्रसर रहने के लिए प्रेरित किया।
