झारखंड की राजधानी रांची का मोरहाबादी स्थित बिरसा मुंडा स्टेडियम भारतीय एथलेटिक्स के एक सुनहरे और ऐतिहासिक पल का गवाह बना। यहां चल रही 29वीं नेशनल सीनियर एथलेटिक्स फेडरेशन प्रतियोगिता में शनिवार का दिन रिकॉर्ड्स के नाम रहा। पंजाब के गुरिंदरवीर सिंह ने जहां ट्रैक पर बिजली सी रफ्तार दिखाते हुए नया नेशनल रिकॉर्ड कायम किया, वहीं स्टार एथलीट तेजस्विन शंकर ने डेकाथलॉन में एक नया कीर्तिमान स्थापित कर दिया।
गुरिंदरवीर सिंह बने भारत के नए ‘उसेन बोल्ट’
पुरुषों की प्रतिष्ठित 100 मीटर दौड़ में पंजाब के गुरिंदरवीर सिंह ने अपनी रफ्तार से सबको हैरान कर दिया। उन्होंने महज 10.09 सेकेंड का समय निकालकर नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।
- गुरिंदरवीर ने इससे पहले सेमीफाइनल में 10.17 सेकेंड का समय दर्ज किया था।
- फाइनल में उन्होंने अपने समय में और सुधार करते हुए न सिर्फ गोल्ड मेडल जीता, बल्कि 10.16 सेकेंड के ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स क्वालिफिकेशन मार्क को भी शान से पार कर लिया।
तेजस्विन शंकर का ‘ऐतिहासिक 8000’ और विशाल का जलवा
इस प्रतियोगिता में केवल ट्रैक ही नहीं, बल्कि अन्य स्पर्धाओं में भी इतिहास रचा गया:
- डेकाथलॉन इवेंट में स्टार एथलीट तेजस्विन शंकर ने 8000 अंक का जादुई आंकड़ा पार कर इतिहास रच दिया। वह डेकाथलॉन में इस ऐतिहासिक आंकड़े को छूने वाले पहले भारतीय एथलीट बन गए हैं।
- तमिलनाडु के विशाल टी.के ने भी अपने शानदार और आक्रामक प्रदर्शन से ट्रैक पर अमिट छाप छोड़ी और अपनी कैटेगरी में बेहतरीन प्रदर्शन किया।
खेल विशेषज्ञों के मुताबिक, एक ही दिन में 100 मीटर का नेशनल रिकॉर्ड टूटना और डेकाथलॉन में किसी भारतीय द्वारा 8000 अंकों की दीवार को लांघना यह दर्शाता है कि भारतीय एथलेटिक्स अब वैश्विक स्तर पर चुनौती देने के लिए पूरी तरह तैयार है।
