पोटका। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा दिल्ली के लाल किला परिसर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान आदिवासी समुदाय को ‘वनवासी’ कहे जाने के विरोध में सोमवार को आदिवासी कांग्रेस की पूर्वी सिंहभूम जिला कमेटी ने हाता स्थित बिरसा चौक पर उनका पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रखंड अध्यक्ष सपन सरदार ने की। इस दौरान मुख्य अतिथि जिला अध्यक्ष हेमेंद्र हांसदा समेत अन्य वक्ताओं ने कहा कि आदिवासी समुदाय भारत के मूल निवासियों में शामिल है और उसकी अपनी विशिष्ट सांस्कृतिक पहचान, परंपराएं एवं जीवन पद्धति है। उन्होंने आरोप लगाया कि आदिवासियों को ‘वनवासी’ कहकर उनकी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान को कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है।
वक्ताओं ने कहा कि आदिवासी समाज इस तरह की टिप्पणी को स्वीकार नहीं करेगा और इसकी कड़ी निंदा करता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि आदिवासी अस्मिता और पहचान से जुड़े मुद्दों पर इसी प्रकार की सोच और नीतियां जारी रहीं, तो व्यापक जन आंदोलन चलाया जाएगा। आदिवासी कांग्रेस नेताओं ने कहा कि आदिवासी समाज के सम्मान के खिलाफ बयान देने वाले नेताओं का झारखंड में विरोध किया जाएगा। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी कर अपनी नाराजगी जताई और आदिवासी समुदाय की पहचान एवं अधिकारों के संरक्षण की मांग उठाई।
